भारत में हमलों को अंजाम देने के लिए पाकिस्‍तानी सेना ने अफगान आतंकियों को किया भर्ती


जम्‍मू-कश्‍मीर से अनुच्‍छेद-370 हटाने के मामले में भारत को पूरी दुनिया से मिले समर्थन को देखते हुए पाकिस्‍तानी सेना का विश्‍वास अपने वजीर-ए-आजम इमरान खान पर से डिगता नजर आने लगा है. यही कारण है कि भारत के खिलाफ वह चौतरफा साजिशों में जुट गई है. एक तरफ उसने भारत में आतंकी हमलों की कमान जैश-ए-मोहम्‍मद को सौंपी है, दूसरी ओर जम्‍मू-कश्‍मीर में सुरक्षा बलों पर हमले के लिए उसने अफगान लड़ाकों की भर्ती करनी शुरू कर दी है। इस बारे में खुफि‍या एजेंसियों ने अलर्ट जारी किया है.

40 से 60 अफगान आतंकी किए भर्ती 

भारतीय एजेंसियों की ओर से जारी अलर्ट के मुताबिक, पाकिस्‍तानी सेना ने सीमा पार से घुसपैठ कराने के लिए 60 अफगानी लड़ाकों की भर्ती की है. ये आतंकी जम्‍मू-कश्‍मीर में सुरक्षा बलों पर हमलों को अंजाम देंगे. इस इनपुट के बाद भारतीय सुरक्षा बलों को सतर्क रहने के निर्देश जारी किए गए हैं. खुफ‍िया इनपुट में कहा गया है कि विभिन्‍न आतंकी संगठनों के लगभग 40 से 60 अफगान आतंकी पाकिस्‍तानी खुफिया एजेंसी द्वारा भर्ती किए गए हैं. ये आतंकी अत्‍याधुनिक हथियारों से लैस होकर जम्मू और कश्मीर में घुसपैठ करेंगे. 

छोटे समूहों में घुसपैठ की कोशिश

समाचार एजेंसी एएनआइ को मिले दस्‍तावेज बताते हैं कि आत्‍मघाती जैकेटों से लैस दर्जनों जम्‍मू-कश्‍मीर में हमलों को अंजाम देंगे. इन आतंकियों को अफगानिस्‍तान में ट्रेनिंग दी जाएगी. इसके बाद इन्‍हें जम्‍मू-कश्‍मीर में घुसपैठ के लिए लॉन्चिंग पैड पर भेजा जाएगा.  खुफ‍िया एजेंसियों को मिले इनपुट में कहा गया है कि आइएसआइ ने अफगानिस्‍तान के बदख्शां प्रांत में कई आतंकी संगठनों के साथ बैठक की और इन आतंकियों का चयन किया. ये आतंकी इसी महीने अफगानिस्‍तान से रवाना हो जाएंगे और छोटे समूहों में घुसपैठ की कोशिश करेंगे. एजेंसियों को संदेह है कि आतंकियों के ये समूह 24-48 घंटे के अंतराल में घुसपैठ को अंजाम देंगे. 

सुरक्षा बलों को किया अलर्ट 

एक उच्‍च पदस्‍थ सूत्र ने बताया कि पाकिस्‍तान द्वारा अफगान लड़ाकों की भर्ती का फैसला अगस्‍त के तीसरे हफ्ते में पंजाब प्रांत के बहावलपुर में लिया गया. भारतीय खुफिया एजेंसियों को मिली इस जानकारी के बाद सुरक्षा बलों को अलर्ट कर दिया गया है. सुरक्षा बलों एवं स्‍थानीय एजेंसियों से कहा गया है कि वे हर वक्‍त सावधानी बरतें. उधर पाकिस्‍तानी सेना की ओर से सीज फायर तोड़ने की घटनाओं में भी इजाफा हुआ है. पाकिस्‍तानी सेना हर हाल में जाड़े से पहले आतंकियों की घुसपैठ करा लेना चाहती है. इसके लिए वह बार बार सीमा पर फायरिंग कर रही है।. उधर वायुसेना ने भी आतंकी हमलों के खतरे को देखते हुए जम्‍मू-कश्‍मीर के एयरबेसों पर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है.