प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बांग्लादेश दौरे पर रवाना, कोरोना काल शुरू होने के बाद पहली विदेश यात्रा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज दो दिन के बांग्लादेश दौरे पर रवाना हो गए हैं। कोरोना काल शुरू होने के बाद यह उनकी पहली विदेश यात्रा होगी। प्रधानमंत्री सुबह 10 बजे ढाका पहुंचेंगे। प्रधानमंत्री शेख हसीना खुद यहां उनकी आगवानी में मौजूद होंगी। यहां पहुंचने के बाद वह सुबह 10:50 बजे नेशनल शहीद स्मारक में एक कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके बाद बांग्लादेश के विदेश मंत्री एके अब्दुल मोमन दोपहर 3:15 बजे प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात करेंगे। बाद में, वह 3:45 बजे नेशनल डे प्रोग्राम में शामिल होंगे। इसके बाद वह शाम 7:45 बजे बापू बंगबंधु डिजिटल वीडियो प्रदर्शनी का उद्घाटन करेंगे।

दौरे से पहले, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वह प्रधानमंत्री शेख हसीना के आमंत्रण पर 26-27 मार्च, 2021 को बांग्लादेश दौरे पर जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें खुशी है कि वह कोविड-19 महामारी के बाद पहली विदेश यात्रा पर किसी पड़ोसी देश जा रहे हैं। इस दौरान उन्होंने यह भी बताया कि वह शुक्रवार को बांग्लादेश के राष्ट्रीय दिवस समारोह व बंगबंधु शेख मुजीबुर रहमान की जन्मशती के अवसर पर आयोजित समारोह में हिस्सा लेंगे। उन्होंने बांग्लादेश की आर्थिक प्रगति को लेकर शेख हसीना के नेतृत्व की प्रशंसा की। साथ ही भारत की ओर से बांग्लादेश को पूरा सहयोग देने की भी बात कही।दोनों के बीच होने वाली द्विपक्षीय वार्ता में सैन्य सहयोग पर खास तौर पर चर्चा होगी। इसके अलावा कनेक्टिविटी परियोजनाओं व ऊर्जा सहयोग के कुछ प्रस्तावों पर हस्ताक्षर होने की भी संभावना है।

जशोरेश्वरी काली मंदिर और ओराकंडी जाएंगे प्रधानमंत्री

अपनी दो दिवसीय यात्रा के दौरान, प्रधानमंत्री मोदी शनिवार को जशोरेश्वरी काली मंदिर और ओराकंडी भी जाने वाले हैं। जशोरेश्वरी काली मंदिर के पुजारी दिलीप मुखर्जी ने कहा कि हमने इस ऐतिहासिक मंदिर में उनके स्वागत की पूरी तैयारी कर ली हैं। हम आशा करते हैं कि वह भारत और बांग्लादेष के लाखों लोगों के लिए प्रार्थना करेंगे। प्राचीन हिंदू मंदिर जशोरेश्वरी काली मंदिर हिदू समाज में काफी अहम माना जाता है। यह 51 शक्तिपीठों में से एक है। 

मतुआ समुदाय से करेंगे मुलाकात

इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी गोपालगंज के ओराकंडी जाएंगे। यहां वह मतुआ समुदाय के सबसे बड़े तीर्थ स्थल ठाकुरबाड़ी में दर्शन करेंगे। वह मतुआ समुदाय के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे और इन्हें संबोधित करेंगे, जहां इस समुदाय के श्रीहरिचंद्र ठाकुर ने अपना संदेश दिया था। पिछली बार जब प्रधानमंत्री मोदी ने 2015 में बांग्लादेश की यात्रा की थी, तब  वह राष्ट्रीय राजधानी में ढाकेश्वरी मंदिर गए थे । मोदी की यात्रा पहले पूरा इलाका उत्सवमय हो गया है और अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती के साथ सुरक्षा बढ़ा दी गई है।