सोशल मीडिया में फोटो पर चढ़ा हार तो थाने पहुंचकर बोली प्रोफेसर- जिंदा हूं मैं


कोरोना वायरस के कारण लॉकडाउन में लोगों को कई अजीबोगरीब तरह की स्थितियों का सामना भी करना पड़ रहा है. गाजियाबाद की एक महिला प्रोफेसर को थाने में जाकर ये बताना पड़ा कि वो जिंदा है और उसकी मौत नहीं हुई है.

मामला गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाना क्षेत्र के वैशाली इलाके का है. जहां पर कोरोना हॉटस्पॉट इलाके में रह रही वंदना तिवारी नाम की महिला थाने सोमवार को पहुंची. उन्होंने अपनी दर्ज शिकायत में कहा कि वो जिंदा है. लेकिन सोशल मीडिया पर उन्हें मरा हुआ बताया जा रहा है.

महिला डॉक्टर की मौत

दरअसल, मध्य प्रदेश की रहने वाली एक महिला डॉक्टर की कुछ दिन पहले ही मौत हो गई थी. मृतक महिला से संबंधित एक फर्जी पोस्ट वायरल किया गया. पोस्ट में कहा गया कि कोविड-19 के इलाज में लगी इस महिला डॉक्टर की मौत हो गई है.

पोस्ट में जो फोटो लगाया गया, वो फोटो वैशाली की रहने वाली प्रोफेसर वंदना तिवारी का गया. फोटो पर बकायदा माला भी चढ़ाई गई है. पोस्ट काफी वायरल हो रहा है.

प्रोफेसर वंदना तिवारी ने जब खुद इस पोस्ट को देखा, तो वो काफी परेशान हो गईं और थाने में जाकर उन्होंने इसकी शिकायत की है. पुलिस को उन्होंने बताया है कि वो जिंदा हैं.

वायरल फोटो से प्रोफेसर परेशान

पीड़ित महिला प्रोफेसर वंदना तिवारी के अनुसार सोशल मीडिया पर लगातार वायरल हो रही पोस्ट ने बहुत ज्यादा मानसिक प्रताड़ना दी है.

इस फर्जी पोस्ट को रोकने के लिए वंदना ने अपनी तरफ से कई प्रयास भी किए. खुद खोजबीन कर इसे वायरल करने वाले लोगों और ग्रुप से उन्होंने इस पोस्ट को वायरल न करने को कहा और उन्हें अपनी फोटो इस फर्जी पोस्ट के साथ न लगाने के लिए कहा, लेकिन ये पोस्ट वायरल हो गई.

यह पोस्ट कई हजार लोग इसे देख चुके और कई अलग-अलग जगह से ये पोस्ट घूम कर उन तक पहुंच रही है. पीड़िता वंदना के साथ साथ उसका परिवार और करीबी भी परेशान हैं. इसके बाद डीजीपी यूपी और उत्तर प्रदेश पुलिस के ट्विटर हैंडल पर ट्वीट कर घटना की जानकारी दी.