पटना:माननीय मंत्री ग्रामीण विकास विभाग एवं परिवहन विभाग, श्रवण कुमार द्वारा प्रेस को बताया गया कि ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत बिहार राज्य में लंबित भुगतानों के निपटान के लिए 322 करोड़ 72 लाख रुपये की राशि विमुक्त की गई है। इस राशि में सामग्री मद (Material Component) के लिए 200 करोड़ रुपये तथा प्रशासनिक मद (Administrative Component) के लिए 122 करोड़ 72 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है। मंत्रालय द्वारा बिहार के लिए राशि विधिवत जारी की गई है।
माननीय मंत्री श्रवण कुमार ने आगे कहा कि ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा मनरेगा अंतर्गत सामग्री एवं प्रशासनिक मदों के भुगतान के लिए लागू की जाने वाली नई प्रणाली SNA-SPARSH मॉड्यूल से फिलहाल छूट प्रदान करते हुए भुगतान को वर्तमान प्रचलित प्रणाली के माध्यम से ही करने की अनुमति दी गई है, ताकि लंबित भुगतानों का त्वरित निपटान सुनिश्चित की जा सके। प्रशासनिक मद में विमुक्त की गई राशि से मनरेगा से जुड़े कर्मियों के लंबित वेतन तथा वर्तमान माह के वेतन का भुगतान किया जा सकेगा।
माननीय मंत्री कुमार ने आगे यह भी कहा कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत बिहार में योजना की क्रियान्वयन हेतु वित्तीय वर्ष 2025-26 में भारत सरकार से सामग्री एवं प्रशासनिक मद में प्राप्त केन्द्रांश की राशि कुल 32271.80 लाख (तीन अरब बाईस करोड इक्हत्तर लाख अस्सी हजार) रूपये के व्यय की स्वीकृति दिनांक 13.03.2026 को दी गयी है ।
माननीय मंत्री श्रवण कुमार ने अंत में यह भी कहा कि विकास पुरुष बिहार के माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी के नेतृत्व में चल रही बिहार की सरकार ने राज्य की जनता के हित के लिए केंद्र सरकार से सामग्री मद में लंबित कुल राशि 4,393 करोड़ 19 लाख रुपये की ही मांग की है जिससे योजनाओं की क्रियान्वयन का रफ्तार बढ़ाया जा सके ।
लंबित देनदारी की विमुक्ति हेतु केंद्र एवं राज्य सरकारों के स्तर पर निरंतर प्रयासरत है , ताकि योजना के कार्यों का सुचारु संचालन और श्रमिकों को समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जा सके ।
Post a Comment