पर्व-त्योहारों को देखते हुए कानून-व्यवस्था की समीक्षा ,पुलिस को पूरी तरह सतर्क रहने का दिया निर्देश

अफवाह, द्वेष और नफरत फैलाने की कोशिश की तो खैर नहीं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पुलिस पदाधिकारियों को दो टूक कहा है कि ऐसे असामाजिक तत्वों से सख्ती से निपटें। वह शनिवार को एक अणे मार्ग में आगामी पर्व-त्योहारों को देखते हुए कानून-व्यवस्था की समीक्षा की और पुलिस को पूरी तरह सतर्क रहने का निर्देश दिया है। 



मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि कानून-व्यवस्था सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। कोई गड़बड़ करने की कोशिश करता है तो पूरी सख्ती से कार्रवाई करे। अपराध नियंत्रण में किसी प्रकार की कोताही न बरतें। पुलिस एवं प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहे। असामाजिक तत्वों पर निगरानी रखें, सघन गश्ती और जांच अभियान चलाते रहें। बैठक में एडीजी विशेष शाखा सुनील कुमार ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से आगामी पर्व-त्योहारों को देखते हुए कानून-व्यवस्था को लेकर की गई तैयारियों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। अबतक की कुछ सांप्रदायिक तनाव एवं विवाद की घटनाएं, उसके कारण तथा उस पर की गई कार्रवाई, चिन्हित संवेदनशील जिले, शांति समिति की बैठक एवं विभिन्न समुदाओं के धर्म गुरुओं के साथ समन्वय, मिश्रित आबादी एवं धार्मिक स्थलों पर निगरानी एवं प्रतिनियुक्ति, शरारती तत्वों पर निरोधात्मक कार्रवाई, भीड़-भाड़ वाले स्थलों पर भीड़ नियंत्रण एवं नियमन के लिए उचित प्रबंधन एवं यातायात नियंत्रण के संबंध में की गई तैयारी और कार्रवाई की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया है कि सोशल मीडिया के माध्यम से आपत्तिजनक टिप्पणियों एवं पोस्ट से सांप्रदायिक तनाव एवं विवाद उत्पन्न करनेवालों पर पूरी नजर रखें।

सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी रखने को कहा गया है। साइबर सेल को इसके लिए अलर्ट कर दिया दिया गया है। सीएम ने समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि पूजा में गड़बड़ पोस्ट डालकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की जा सकती है। ऐसे तत्वों से सख्ती से निपटें

अतिरिक्त जवानों की तैनाती

राज्य में दुर्गापूजा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था के विशेष इंतजाम किये गये हैं। सूबे के सभी 1067 थानों को अलर्ट रहने के लिए कहा गया है। पुलिस मुख्यालय के स्तर से जारी आदेश में सभी थानों को गश्ती बढ़ाने के साथ ही पूजा पंडाल वाले स्थानों पर अतिरिक्त संख्या में फोर्स की तैनाती करने के लिए कहा गया है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में आठ अक्टूबर तक के लिए 20 हजार अतिरिक्त जवानों की तैनाती की गयी है।