कॉल रिकॉर्डिंग वाले बयान पर पुलिस ने सुवेंदु अधिकारी के खिलाफ दर्ज किया मामला, पूर्व मेदिनीपुर के एसपी को दी थी चेतावनी

बंगाल पुलिस ने मंगलवार को स्वत: संज्ञान लेते हुए तृणमूल कांग्रेस के सांसद व महासचिव अभिषेक बनर्जी के साथ पुलिस अधिकारियों की कथित कॉल रिकॉर्डिंग संबंधी टिप्पणी को लेकर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष व भाजपा विधायक सुवेंदु अधिकारी के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस ने पूर्व मेदिनीपुर जिले के तमलुक थाने में अधिकारी के खिलाफ राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियम और आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।

बताते चलें कि सुवेंदु अधिकारी अपने गृह जिला पूर्व मेदिनीपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अमरनाथ को चेतावनी को लेकर सुर्खियों में हैं। एक दिन पहले उन्होंने एसपी से कहा था कि आप ऐसा कुछ भी काम मत करो, जिसकी वजह से आपको जम्मू कश्मीर के अनंतनाग या फिर बारामूला में ड्यूटी के लिए भेज दिया जाए। 

सुवेंदु अधिकारी ने निमतौरी में एसपी कार्यालय के पास बने एक अस्थाई मंच से ये बातें कही। उन्होंने कहा कि मेरे पास उन सभी काल्स की डिटेल और रिकार्डिंग हैं, जो आपके आफिस में भतीजे (टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी) के द्वारा की गई हैं। यदि आपके पास राज्य सरकार का समर्थन है, तो मेरे पास केंद्र सरकार है ...यह मत सोचो कि भाजपा कमजोर है। अधिकारी ने इस दौरान कहा कि नौ अगस्त को एसपी आफिस के बाहर करीब एक लाख लोगों की भीड़ इकट्ठा होगी और राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करेगी।

इस विरोध प्रदर्शन को करने का उद्देश्य राज्य सरकार पर दबाव बनाने का होगा। आखिर अधिकारी एसपी के खिलाफ इस तरह की बात क्यों कही। कहा जा रहा है कि अधिकारी अपने खिलाफ पुलिस जांच से नाराज हैं और उन्हें लगता है कि राज्य सरकार जानबूझकर उन्हें फंसा रही है। इन मामलों में पुलिस ने सुवेंदु अधिकारी के खिलाफ चलाई जांच - तारपोलिन चोरी केस, जिसमें सुवेंदु अधिकारी आपराधिक साजिश के आरोपी हैं।

इसके अलावा 2018 में उनके बाडीगार्ड की मौत मामले में वह आरोपी हैं। ये मामले अब सीआइडी के पास है। इसके अलावा कांथी कोआपरेटिव बैंक में कथित अनियमितताओं की शिकायत पर भी राज्य सरकार कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख कर चुकी है। इस बैंक के चेयरमैन सुवेंदु अधिकारी हैं। सुवेंदु अधिकारी का कहना है कि बंगाल सरकार भाजपा नेता व कार्यकर्ताओं को झूठे केस में फंसाकर उनका उत्पीड़न कर रही है