मालदा हादसा के तथ्यों को तोड़ा-मरोड़ा गया है: ममता बनर्जी


कोलकाता: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि राज्य में कोई सांप्रदायिक तनाव नहीं है। उन्होंने मालदा जिले के कालियाचक में हुई घटना को बीएसएफ और स्थानीय लोगों के मध्य झगड़े का नतीजा बताया।

बंगाल ग्लोबल समिट के समापन सत्र के दौरान बनर्जी ने कहा, 'वहां जो हुआ वो अलग मुद्दा है। यह बीएसएफ और स्थानीय लोगों के बीच एक मुद्दा था। आपको इस तरह का सवाल यहां नहीं पूछना चाहिए क्योंकि तथ्यों को तोड़ा-मरोड़ा गया है और वहां जो हुआ वो गलत सूचना है।' 

ममता ने कहा, 'बीएसएफ और स्थानीय लोगों के मध्य झगड़ा हुआ। इसका राज्य सरकार, पार्टी या प्रशासन से कोई लेना-देना नहीं है। हमने हालात को नियंत्रण में किया। राज्य में शांतिपूर्ण वातावरण है। यहां कोई सांप्रदायिक तनाव नहीं है।' बाद में संवाददाताओं से बातचीत में बनर्जी ने राज्य में इस वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव के बाद फिर से सत्ता में लौटने की उम्मीद जताई।

उन्होंने कहा, 'यह लोगों को फैसला करना है, लेकिन जब कोई कठोर परिश्रम करता है तो लोग चाहते हैं कि वह कठोर परिश्रम जारी रहे।' नरेंद्र मोदी सरकार के मंत्रियों के उनकी तारीफ करने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, 'मैं हमेशा संघीय ढांचे के पक्ष में हूं। केंद्र सरकार माता-पिता की तरह है और राज्य उसके बच्चे हैं। अगर राज्य और केंद्र के बीच संबंध अच्छे हैं तो यह संघीय ढांचे को मजबूत करेगा।' 

उन्होंने कहा, 'हमने जीएसटी का समर्थन किया है क्योंकि यह हमारी प्रतिबद्धता है, यद्यपि भूमि विधेयक को लेकर हमारी कुछ आपत्तियां हैं।' उन्होंने घोषणा की कि अगले साल का बिजनेस समिट 20 और 21 जनवरी को होगी। बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट में 2.50 लाख करोड़ रुपये का निवेश प्रस्ताव मिला है।