Friday, June 19, 2015

जनभागीदारी अभियान से भाजपा के पेट में दर्द: नीतीश

पटना। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को कहा कि नीति निर्माण में जनभागीदारी सुनिश्चित करने के अभियान ‘बढ़ा चला बिहार, बिहार @2025’ से भाजपा के पेट में दर्द हो रहा है। बिहार के लिए विजन डाक्यूमेंट तैयार करने का यह अभियान कहीं से आचार संहिता का उल्लंघन नहीं है। 

भाजपा चोर दरवाजे से इस अभियान को रोकना चाहती है। मालूम हो कि इस अभियान के खिलाफ भाजपा ने गुरुवार को चुनाव आयोग को ज्ञापन सौंपा था। मुख्यमंत्री शुक्रवार को एसके मेमोरियल हॉल में आयोजित जदयू के राजनैतिक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा के लोग जितना बोलते हैं, उतना करते नहीं है। वहीं मैंने जो कहा वह किया। केंद्र में भाजपा की सरकार आने से इतना जरूर हुआ कि तीन-चार पूंजीपतियों की संपत्ति में इजाफा हो गया। हमारे कार्यकर्ता लोगों से यह पूछें कि काला धन आया क्या? रोजगार उपलब्ध कराने वाले वादे का क्या हुआ? 
उन्होंने कहा कि भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने इमरजेंसी के संबंध में जो बात कही है, उस नजरिए को समझना होगा। जंगल राज की बात कह लोगों को भ्रमित करना चाहती है भाजपा। जबकि वास्तविक स्थिति है कि यहां लोगों के मन से भय खत्म हो गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे कार्यकर्ता इच्छा शक्ति और संकल्प के साथ संगठित होकर लोगों के बीच प्रचार अभियान चलाएं। इस ऊर्जा एवं शक्ति को व्यवस्थित करना है। लोगों को बताएं कि हमारी सरकार ने न्याय के साथ विकास के दर्शन पर काम किया है। सम्मेलन को जदयू के प्रदेश अध्यक्ष बशिष्ठ नारायण सिंह ने भी संबोधित किया।